न्यूयॉर्क,(ईएमएस)। ईरान, इजरायल और अमेरिका के बीच जारी वैश्विक तनाव के बीच न्यूयॉर्क की एक फेडरल कोर्ट में आतंकी साजिश का बड़ा खुलासा हुआ है। एक 21 वर्षीय पाकिस्तानी युवक, मोहम्मद शहजेब खान ने मैनहट्टन की अदालत में स्वीकार किया है कि वह न्यूयॉर्क के ब्रुकलिन स्थित एक प्रमुख यहूदी धार्मिक केंद्र पर बड़े पैमाने पर हमले की योजना बना रहा था। इस कबूलनामे के बाद अदालत ने उसकी सजा की सुनवाई 12 अगस्त के लिए तय की है, जिसमें उसे उम्रकैद तक की सजा मिल सकती है। जांच एजेंसियों द्वारा जुटाए गए साक्ष्यों के अनुसार, आरोपी प्रतिबंधित संगठन इस्लामिक स्टेट (आईएस) की विचारधारा से बुरी तरह प्रभावित था। उसने अपनी इस खतरनाक योजना को अंजाम देने के लिए अक्टूबर 2024 का समय चुना था, ताकि वह 7 अक्टूबर 2023 को इजरायल पर हुए हमास के हमले की पहली बरसी के आसपास अधिक से अधिक तबाही मचा सके। आरोपी का मुख्य उद्देश्य ब्रुकलिन के यहूदी केंद्र में मौजूद ज्यादा से ज्यादा लोगों को अपना निशाना बनाना था। अदालती कार्यवाही के दौरान यह तथ्य सामने आया कि शहजेब खान कनाडा से अवैध रूप से अमेरिकी सीमा में घुसकर इस हमले को अंजाम देने की फिराक में था। हालांकि, अमेरिकी और कनाडाई जांच एजेंसियों की सक्रियता के कारण उसे 4 सितंबर 2024 को सीमा के पास ही गिरफ्तार कर लिया गया था। जांच में यह भी स्पष्ट हुआ कि वह हमले के लिए स्वचालित बंदूकों और चाकुओं जैसे घातक हथियारों का इंतजाम करने की कोशिश कर रहा था। पूछताछ के दौरान आरोपी ने बताया कि वह गाजा में चल रहे संघर्ष और वहां होने वाली मौतों से काफी आक्रोशित था, जिसे उसने अपनी इस हिंसक योजना का मुख्य कारण बताया। हालांकि, अब उसने अदालत के समक्ष अपने किए पर पछतावा जाहिर किया है। जांच एजेंसियों के मुताबिक, आरोपी सोशल मीडिया पर लगातार कट्टरपंथी सामग्री साझा कर रहा था, जिसके कारण वह सुरक्षा एजेंसियों के रडार पर आया। इसके बाद, अंडरकवर अधिकारियों ने रणनीति के तहत उससे संपर्क किया, जिससे उसकी पूरी साजिश का भंडाफोड़ हो सका। फिलहाल आरोपी जेल में बंद है और वैश्विक एजेंसियां इस मामले से जुड़े अन्य संभावित संपर्कों की पड़ताल कर रही हैं। वीरेंद्र/ईएमएस/09अप्रैल2026