* आधुनिक सुविधाओं से लैस ट्रेन, व्यापार और रोजगार के अवसरों को भी मिलेगा बढ़ावा अहमदाबाद (ईएमएस)| भारतीय रेल द्वारा यात्रियों को बेहतर, किफायती एवं सुविधाजनक रेल सेवा प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए अहमदाबाद–पटना के बीच चल रही विशेष ट्रेन को नियमित कर 21905/21906 अहमदाबाद–पटना अमृत भारत एक्सप्रेस के रूप में संचालित करने का निर्णय लिया गया है। यह ट्रेन अहमदाबाद से चलने वाली पहली अमृत भारत एक्सप्रेस होगी, जो गुजरात और बिहार के बीच रेल संपर्क को और अधिक सुदृढ़ बनाएगी। इस ट्रेन का नियमितीकरण यात्रियों की बढ़ती मांग को ध्यान में रखते हुए किया गया है। यह निर्णय विभिन्न जोनों के मध्य बेहतर समन्वय स्थापित कर लंबी दूरी की यात्रा को अधिक सुगम, सुव्यवस्थित एवं विश्वसनीय बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। ट्रेन संख्या 21905 अहमदाबाद–पटना अमृत भारत एक्सप्रेस प्रत्येक बुधवार को शाम 18:30 बजे अहमदाबाद से प्रस्थान कर शुक्रवार को 00:30 बजे पटना पहुंचेगी। इसी प्रकार ट्रेन संख्या 21906 पटना–अहमदाबाद अमृत भारत एक्सप्रेस प्रत्येक शुक्रवार को 22:30 बजे पटना से प्रस्थान कर रविवार को प्रातः 05:25 बजे अहमदाबाद पहुंचेगी। यह सेवा साप्ताहिक आधार पर संचालित की जाएगी, जिससे यात्रियों को नियमित एवं विश्वसनीय रेल सुविधा प्राप्त होगी। इस ट्रेन सेवा को शीघ्र ही सुविधाजनक तिथि से लागू किया जाएगा तथा आवश्यकता पड़ने पर प्रारंभिक रूप से विशेष सेवा के रूप में भी संचालित किया जा सकता है। मार्ग में दोनों दिशाओ में यह ट्रेन आणंद, छायापुरी, गोधरा, दाहोद, रतलाम, भवानी मंडी, रामगंज मंडी, कोटा, सवाई माधोपुर, गंगापुर सिटी, हिण्डौन सिटी, बयाना, ईदगाह आगरा, टूंडला, गोविंदपुरी, सुबेदारगंज और दीन दयाल उपाध्याय जंक्शन जैसे प्रमुख स्टेशनों पर रुकेगी जिससे व्यापक क्षेत्रीय कनेक्टिविटी सुनिश्चित होगी। अमृत भारत एक्सप्रेस आधुनिक रेक एवं उन्नत सुविधाओं से सुसज्जित होगी, जो आम यात्रियों के लिए किफायती एवं आरामदायक यात्रा अनुभव प्रदान करेगी। यह सेवा लंबी दूरी की यात्रा के लिए बेहतर कनेक्टिविटी, सुरक्षित एवं सुगम यात्रा सुनिश्चित करने में सहायक सिद्ध होगी। यात्रियों के लिए प्रमुख लाभ: · गुजरात–बिहार के बीच सीधी एवं सुविधाजनक कनेक्टिविटी · कम लागत में लंबी दूरी की यात्रा का बेहतर विकल्प · समयबद्ध एवं नियमित सेवा से यात्रा की बेहतर योजना · मार्ग के प्रमुख शहरों को जोड़ने से क्षेत्रीय विकास को बढ़ावा · व्यापार, रोजगार एवं सामाजिक आवागमन में वृद्धि यह नई सेवा न केवल यात्रियों की बढ़ती मांग को पूरा करेगी, बल्कि पश्चिम एवं पूर्व भारत के बीच सामाजिक, आर्थिक एवं सांस्कृतिक संबंधों को भी और मजबूत बनाएगी, जो भारतीय रेल की यात्री-केंद्रित एवं प्रगतिशील सोच का परिचायक है। सतीश/13 अप्रैल