मुम्बई (ईएमएस)। भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) अब इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) में खिलाड़ियों की गर्लफ्रेंड्स के रहने को लेकर सख्त नियम बनाने जा रहा है। बीसीसीआई ये कदम मुख्य रूप से भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों को रोकने, खिलाड़ियों की आचार संहिता को बनाए रखने और उनकी छवि को देखते हुए उठा रहा है। जहां भारतीय टीम के विदेशी दौरों के दौरान खिलाड़ियों की पत्नियों और परिवार के सदस्यों के साथ रहने को लेकर पिछले साल बोर्ड ने सख्त नियम बनये थे, वहीं आईपीएल में इस प्रकार के कोई नियम नहीं है जिसका लाभ खिलाड़ी उठा रहे हैं। । आईपीएल में खिलाड़ियों की यात्रा और ठहरने की व्यवस्था की जिम्मेदारी आमतौर पर टीम मालिकों की होती है पर बोर्ड के पास इसमें हस्तक्षेप के अधिकार हैं। पिछले कुछ सत्र में कई खिलाड़ी अपनी गर्लफ्रेंड्स के साथ यात्रा करते और होटलों में रुकते देखे गए हैं, जिससे बोर्ड नाराज हैं। बीसीसीआई इसलिए भी परेशान है क्योंकि कुछ खिलाड़ियों की गर्लफ्रेंड्स पर बेटिंग ऐप्स के लिए काम करने का संदेश है। यह भ्रष्टाचार रोधी नियमों के उल्लंघन के साथ ही खेल की अखंडता के लिए खतरा है। इसके अतिरिक्त, कई युवा भारतीय क्रिकेट खिलाड़ियों की गर्लफ्रेंड्स सोशल मीडिया पर इन्फ्लुएंसर हैं और अपने पेज पर विभिन्न प्रोडक्ट्स, जिनमें बेटिंग ऐप्स और शराब ब्रांड्स भी शामिल हैं, का प्रचार करती हैं। ऐसे ब्रांड्स का प्रचार बीसीसीआई के नियमों के खिलाफ है और इससे गलत संदेश जाता है। बोर्ड नहीं चाहता कि भारतीय टीम के लिए खेलने वाले या भविष्य में खेलने की इच्छा रखने वाले किसी भी खिलाड़ी को ऐसी गतिविधियों से कोई परेशानी हो। कुछ खिलाड़ियों के फ्रेंचाइजी की बसों का अपनी गर्लफ्रेंड्स से मिलने के लिए इस्तेमाल करने के मामले भी सामने आए हैं, जिसे भी आचार संहिता का उल्लंघन माना गया है। ईएमएस 04मई 2026