गांधीनगर (ईएमएस)| जापान में भारत की राजदूत नगमा मोहम्मद मलिक ने आज गांधीनगर स्थित लोकभवन में आचार्य देवव्रत से शिष्टाचार मुलाकात की। इस अवसर पर राज्यपाल ने उन्हें उनकी नई जिम्मेदारी के लिए बधाई दी और भारत–जापान संबंधों में गुजरात की महत्वपूर्ण भूमिका पर चर्चा की। नगमा मोहम्मद मलिक 1991 बैच की भारतीय विदेश सेवा (आईएफएस) की अधिकारी हैं। उन्होंने नवंबर 2025 में जापान में भारत के राजदूत के रूप में कार्यभार संभाला। इससे पहले वे पोलैंड, ब्रुनेई दारुस्सलाम और ट्यूनीशिया में भारत की राजदूत एवं उच्चायुक्त के रूप में सेवा दे चुकी हैं। वे भारत सरकार के विदेश मंत्रालय में ‘डिप्टी चीफ प्रोटोकॉल (फॉर्मल)’ का प्रतिष्ठित पद संभालने वाली अब तक की एकमात्र महिला अधिकारी भी रही हैं। मुलाकात के दौरान राज्यपाल ने कहा कि गुजरात और जापान के बीच लंबे समय से मजबूत आर्थिक और सांस्कृतिक संबंध रहे हैं। ‘वाइब्रेंट गुजरात समिट’ जैसी पहलों में जापान हमेशा एक प्रमुख भागीदार रहा है। नगमा मलिक ने राज्यपाल के मार्गदर्शन में गुजरात में चल रहे ‘प्राकृतिक खेती’ और ‘ग्राम कल्याण कार्यक्रम’ जैसे अभियानों में गहरी रुचि दिखाई। अंग्रेजी साहित्य और समाजशास्त्र में उच्च शिक्षा प्राप्त नगमा मलिक अंग्रेजी, फ्रेंच, हिंदी, उर्दू और मलयालम सहित पांच भाषाओं में पारंगत हैं। कूटनीति के अलावा उन्हें भारतीय शास्त्रीय नृत्य, संगीत और साहित्य में भी विशेष रुचि है। - 05 मई