क्षेत्रीय
06-May-2026


नई दिल्ली (ईएमएस)। आज से एक वर्ष पहले भारत ने पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में सक्रिय आतंकवादी ठिकानों को निशाना बनाते हुए ‘ऑपरेशन सिंदूर’ शुरू किया था। इस सैन्य अभियान की वर्षगांठ पर (भाजपा) ने अपने नेताओं और कार्यकर्ताओं को विशेष निर्देश जारी किए हैं। पार्टी ने सभी नेताओं से कहा है कि वे 7 मई से 10 मई के बीच अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर प्रोफाइल फोटो (डीपी) बदलें। नई डीपी में तिरंगे के साथ ‘ऑपरेशन सिंदूर’ लिखा हुआ होगा, जिससे इस सैन्य कार्रवाई को याद किया जा सके। गौरतलब है कि यह ऑपरेशन भारतीय सशस्त्र बलों द्वारा एक सटीक और रणनीतिक कार्रवाई के रूप में अंजाम दिया गया था। लगभग तीन दिनों तक चले इस अभियान ने भले ही समय के लिहाज से सीमित अवधि ली, लेकिन इसके प्रभाव काफी व्यापक रहे। रक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, यह सिर्फ एक जवाबी कार्रवाई नहीं थी, बल्कि इसने भारत की सैन्य रणनीति में एक नया दृष्टिकोण पेश किया, जिसमें आक्रामकता और संयम का संतुलन देखने को मिला।इस ऑपरेशन की पृष्ठभूमि 22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगांव में हुए आतंकी हमले से जुड़ी है, जिसमें 26 निर्दोष लोगों की जान चली गई थी, जिनमें अधिकांश पर्यटक थे। इस हमले के बाद भारतीय सेना ने न सिर्फ जिम्मेदार आतंकवादियों को ढेर किया, बल्कि उनके ठिकानों को भी पूरी तरह ध्वस्त करने का फैसला लिया। 6-7 मई की रात शुरू हुए इस ऑपरेशन में पाकिस्तान और पीओके में स्थित आतंकवादी संगठनों के कई बड़े ठिकानों को निशाना बनाया गया। जानकारी के मुताबिक, इस दौरान कम से कम 9 बड़े आतंकी कैंप नष्ट कर दिए गए और बड़ी संख्या में आतंकवादी मारे गए। रक्षा विश्लेषकों का मानना है कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ ने यह स्पष्ट कर दिया कि भारत अब आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक और सटीक कार्रवाई करने में सक्षम है, साथ ही भविष्य की सुरक्षा रणनीतियों के लिए भी यह एक महत्वपूर्ण उदाहरण बन गया है। ईएमएस / 06 मई 2026