बीजिंग (ईएमएस)। बीजिंग में चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग और उनके रूसी समकक्ष व्लादिमीर पुतिन ने बुधवार को द्विपक्षीय संबंधों के साथ-साथ ईरान, यूक्रेन युद्ध और व्यापार सहित कई प्रमुख वैश्विक मुद्दों पर व्यापक बातचीत की। यह बैठक इसलिए विशेष महत्वपूर्ण थी क्योंकि यह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के 14-15 मई के बीजिंग दौरे के ठीक कुछ दिनों बाद हुई थी। अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने अपनी यात्रा के दौरान चिनफिंग के साथ ईरान, यूक्रेन संघर्ष, द्विपक्षीय व्यापार तनाव और क्षेत्रीय घटनाक्रमों पर विस्तृत चर्चा की थी, जिससे इस मुलाकात का रणनीतिक महत्व और बढ़ गया। ग्रेट हॉल ऑफ द पीपुल में वार्ता शुरू होने से पहले, राष्ट्रपति शी ने पुतिन का औपचारिक स्वागत किया, जिसके बाद दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय चर्चा की। पुतिन, जो मंगलवार रात दो दिवसीय राजकीय दौरे पर बीजिंग पहुंचे थे, का स्वागत चीनी विदेश मंत्री वांग यी ने किया। अपनी यात्रा से पहले मंगलवार को दिए गए वीडियो संबोधन में पुतिन ने कहा था कि रूस-चीन संबंध वास्तव में अभूतपूर्व स्तर पर पहुंच गए हैं, और नियमित उच्च स्तरीय सहयोग द्विपक्षीय संबंधों को गहरा करने तथा उनकी असीमित क्षमता को उजागर करने का एक अभिन्न अंग है। चीन के विदेश मंत्रालय ने पुष्टि की कि शी और पुतिन द्विपक्षीय संबंधों, विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग और आपसी हित के अंतरराष्ट्रीय व क्षेत्रीय मुद्दों पर विचार-विमर्श करने वाले है। चीन के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता गुओ जियाकुन ने रेखांकित किया कि यह पुतिन की चीन की 25वीं यात्रा है, जो बीजिंग और मॉस्को के बीच घनिष्ठ रणनीतिक संबंधों को दर्शाती है। यह महत्वपूर्ण यात्रा पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच हो रही है, विशेषकर ईरान द्वारा होर्मुज जलडमरूमध्य की नाकाबंदी के बाद पैदा हुई वैश्विक चिंताओं के मद्देनजर हो रही है। ईरान रूस और चीन दोनों का करीबी रणनीतिक साझेदार है, और चीन अमेरिकी प्रतिबंधों के बावजूद ईरान से अपने 90 प्रतिशत तेल का आयात करता है। आशीष दुबे / 20 मई 2026