नई दिल्ली (ईएमएस)। दिल्ली हाई कोर्ट ने बृहस्पतिवार को कहा कि सांसद राघव चड्ढा के राजनीतिक फैसलों की आलोचना को उनके पर्सनैलिटी राइट्स का उल्लंघन नहीं माना जा सकता। अदालत ने टिप्पणी की कि इस तरह की आलोचना के मामलों में राघव चड्ढा मानहानि का मुकदमा दायर कर सकते हैं। दरअसल, राघव चड्ढा ने एआई के जरिए बनाए जा रहे डीपफेक कंटेंट और ऑनलाइन प्लेटफार्म्स पर कथित दुरुपयोग के खिलाफ दिल्ली हाई कोर्ट का रुख किया था। अपनी याचिका में उन्होंने आरोप लगाया है कि उनकी तस्वीर, आवाज, पहचान और व्यक्तित्व का इंटरनेट मीडिया व अन्य डिजिटल मंचों पर बिना अनुमति इस्तेमाल किया जा रहा है। याचिका में एआई टूल्स के जरिए तैयार किए गए डीपफेक वीडियो, मार्फ्ड कंटेंट और भ्रामक सामग्री पर रोक लगाने की मांग की गई है। राघव चड्ढा का कहना है कि उनकी पहचान और व्यक्तित्व का गलत तरीके से इस्तेमाल किया जा रहा है। अजीत झा/देवेन्द्र/नई दिल्ली/ईएमएस/21/ मई/2026