राज्य
02-Jun-2026
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:: कलेक्टर हर्ष सिंह ने दिए कोचिंग सेंटरों के पंजीयन के निर्देश; पेयजल शिकायतों और फॉर्मर रजिस्ट्री पर भी कड़ा रुख :: बुरहानपुर (ईएमएस)। जिला मुख्यालय स्थित कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में मंगलवार को साप्ताहिक समय-सीमा (टीएल) बैठक का आयोजन किया गया। कलेक्टर हर्ष सिंह ने बैठक में जल गंगा संवर्धन अभियान, राजस्व वसूली, फॉर्मर रजिस्ट्री, संबल योजना और पेयजल व्यवस्था सहित विभिन्न विभागीय योजनाओं की प्रगति की विभागवार विस्तृत समीक्षा की। बैठक में जिला पंचायत सीईओ सृजन वर्मा सहित सभी विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे। समय-सीमा बैठक के तुरंत बाद शिक्षण संस्थानों में विद्यार्थियों के बीच बढ़ती आत्महत्या की घटनाओं की रोकथाम के लिए गठित जिला स्तरीय निगरानी समिति की महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। कलेक्टर ने इस गंभीर विषय पर सख्त निर्देश देते हुए कहा कि जिले के सभी स्कूलों, कॉलेजों और शिक्षण संस्थानों में अनिवार्य रूप से शिकायत पेटियां (ड्रॉप बॉक्स) स्थापित की जाएं। इन पेटियों को प्रतिदिन खोला जाए और उनमें आने वाली शिकायतों व सुझावों की नियमित समीक्षा की जाए। इसके साथ ही जिले में संचालित सभी कोचिंग संस्थानों का अनिवार्य रूप से पंजीयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। विद्यार्थियों को मानसिक रूप से मजबूत बनाने के लिए नियमित कार्यशालाएं और परामर्श (काउंसलिंग) सत्र आयोजित करने पर जोर दिया गया। प्रशासन ने सामाजिक न्याय विभाग को समन्वय स्थापित कर नशामुक्ति जागरूकता अभियान चलाने, संस्थानों में निगरानी समितियां गठित करने और एक सकारात्मक व तनावमुक्त शैक्षणिक वातावरण विकसित करने के निर्देश दिए हैं। :: फॉर्मर रजिस्ट्री के लिए लगेंगे शिविर, जर्जर भवनों पर होगी कार्रवाई :: कलेक्टर हर्ष सिंह ने फॉर्मर रजिस्ट्री कार्य की समीक्षा करते हुए ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष शिविर आयोजित कर कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। सभी तहसीलदारों से कहा गया कि वे इसे प्राथमिकता पर लेते हुए निर्धारित लक्ष्य को समय पर पूरा करें। इसके अलावा पशुपालन विभाग को अपनी योजनाओं का जमीनी स्तर पर व्यापक प्रचार-प्रसार करने तथा पात्र हितग्राहियों को लाभ दिलाने के निर्देश दिए गए। बैठक में नगरीय निकायों को जिले के जर्जर एवं खतरनाक भवनों को चिन्हित कर उनके विरुद्ध आवश्यक वैधानिक कार्रवाई करने के भी निर्देश जारी किए गए। :: पेयजल संकट पर सक्रियता दिखाने के निर्देश :: भीषण गर्मी के मौसम को देखते हुए जिले में पेयजल आपूर्ति की स्थिति की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने नगरीय निकायों और लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (पीएचई) विभाग को पूरी सक्रियता के साथ कार्य करने की हिदायत दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों से पानी की किल्लत को लेकर मिलने वाली हर शिकायत का त्वरित और प्रभावी निराकरण किया जाए, जिससे आम नागरिकों को इस गर्मी में पेयजल संकट का सामना न करना पड़े। प्रकाश/02 जून 2026