संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों की हड़ताल झाडू लगाकर किया प्रदर्शन सीहोर। (ईएमएस)। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल बुधवार को दूसरे दिन भी जारी रही। जिले के संविदा कर्मचारियों ने नियमित कार्यों का बहिष्कार कर टाउन हाल के समक्ष धरना दिया। हड़ताल के चलते स्वास्थ्य सेवाओं पर असर पड़ रहा है, खासकर ग्रामीण क्षेत्रों में कई जरूरी सेवाएं प्रभावित हुई हैं। संविदा स्वास्थ्यकर्मियों ने हड़ताल के दूसरे दिन हाथ में झाड़ू लेकर स्वच्छता अभियान चलाकर प्रदर्शन किया। इस दौरान शासन के खिलाफ जमकर नारे भी लगाए। करीब 502 से अधिक स्वास्थ्य कर्मचारियों ने एक साथ हड़ताल की है। जिससे करीब 176 से अधिक केन्द्र में अव्यवस्था हो गई है। कर्मचारियों के अनुसार, हड़ताल की वजह से एएनसी पंजीयन, टीकाकरण, जन्म प्रमाण पत्र जारी करने और ऑनलाइन स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े कार्य प्रभावित हो रहे हैं। विभिन्न स्वास्थ्य योजनाओं के संचालन पर भी असर पड़ा है। हड़ताल के कारण एनसीडी, टीबी, हाइपरटेंशन और डायबिटीज से पीड़ित मरीजों को नियमित दवाइयां मिलने में कठिनाई हो रही है। इसके अलावा सीएम हेल्पलाइन से जुड़े मामलों के निराकरण का कार्य भी प्रभावित बताया जा रहा है। संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी संघ का कहना है कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के कर्मचारी स्वास्थ्य सेवाओं के संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, लेकिन उनकी मांगों पर लंबे समय से ध्यान नहीं दिया जा रहा है। कर्मचारियों ने नियमितीकरण, एनपीएस और स्वास्थ्य बीमा का लाभ, 10 प्रतिशत वार्षिक वेतनवृद्धि, महंगाई भत्ता, समान कार्य के लिए समान वेतन तथा नियमित कर्मचारियों के समान अवकाश सहित आठ सूत्रीय मांगें रखी हैं। संघ के पदाधिकारियों का कहना है कि मांगों के समर्थन में पहले चरण में काली पट्टी बांधकर विरोध दर्ज कराया गया था। ऑनलाइन कार्यों के बहिष्कार के साथ अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू की गई है। संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी संघ ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों का जल्द समाधान नहीं किया गया तो राजधानी भोपाल में प्रदर्शन किया जाएगा। कर्मचारियों का कहना है कि मांगों के निराकरण में देरी के कारण स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं और इसकी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी। ईएमएस/विमल जैन / 03 जून 2026