राष्ट्रीय
16-Jun-2026


मेरठ(ईएमएस)। मेरठ में अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के छात्रों के लिए निर्धारित पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना में कथित फर्जीवाड़े और धन के दुरुपयोग के मामले में प्रवर्तन निदेशालय ने बड़ी कार्रवाई की है। एजेंसी ने 13.83 करोड़ रुपये मूल्य की संपत्तियों को अस्थायी रूप से कुर्क किया है। मामले में मेरठ की एक निजी विश्वविद्यालय समेत उत्तराखंड की दो विश्वविद्यालय जांच के दायरे में हैं। यह मामला वर्ष 2011-12 से 2016-17 के बीच अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के छात्रों के लिए जारी की गई छात्रवृत्ति राशि में कथित अनियमितताओं से जुड़ा हुआ है। जांच एजेंसियों के अनुसार पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना के तहत जारी धनराशि के वितरण में कथित रूप से फर्जीवाड़ा किया गया। आरोप है कि पात्र छात्रों के नाम पर छात्रवृत्ति राशि का गलत तरीके से लाभ उठाया गया और सरकारी धन का दुरुपयोग हुआ। इसी मामले में आर्थिक अनियमितताओं की जांच के बाद प्रवर्तन निदेशालय ने संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई की है। विनोद उपाध्याय / 16 जून, 2026