:: अड़ीबाजी कर भागने की फिराक में था आरोपी आशीष पाल; राज्य सुरक्षा अधिनियम के तहत केस दर्ज :: इंदौर (ईएमएस)। शहर में सूचीबद्ध बदमाशों और गुंडा तत्वों के विरुद्ध पुलिस कमिश्नर द्वारा अपनाए गए कड़े रुख का असर अब धरातल पर दिखने लगा है। थाना परदेशीपुरा पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए एक ऐसी वारदात का पर्दाफाश किया है, जिसमें फरियादी और आरोपी दोनों ही पुलिस की सूची में दर्ज शातिर बदमाश हैं। पुरानी रंजिश के चलते हुई चाकूबाजी की घटना के महज 5 घंटे के भीतर पुलिस ने जिलाबदर आरोपी को गिरफ्तार कर उसके भागने के मंसूबों पर पानी फेर दिया। :: शराब के लिए मांगे पैसे, मना करने पर किया हमला :: प्राप्त जानकारी के अनुसार, 11 फरवरी को आदर्श बिजासन नगर निवासी फरियादी नितिन पंवार ने थाने पर सूचना दी कि दोपहर करीब 03 बजे वह कमेटी हॉल के पास खड़ा था, तभी एक बाइक पर सवार होकर आशीष पाल अपने दो साथियों के साथ वहाँ पहुँचा। आरोपी ने नितिन से अड़ीबाजी करते हुए शराब के लिए रुपयों की मांग की। पैसे देने से इनकार करने पर आशीष ने चाकू निकालकर नितिन के हाथ पर हमला कर उसे घायल कर दिया। इस घटना के कुछ ही देर बाद आरोपी ने धर्मशाला के पास विकास दुबे नामक एक अन्य युवक के साथ भी मारपीट कर रुपयों की मांग की। :: घेराबंदी कर पकड़ा, कानून उल्लंघन पर बढ़ी धाराएं :: वारदात की सूचना मिलते ही डीसीपी जोन-02 कुमार प्रतीक और एडीसीपी अमरेंद्र सिंह के मार्गदर्शन में एसीपी हिमानी मिश्रा ने थाना प्रभारी आर.डी. कानवा को तत्काल कार्रवाई हेतु निर्देशित किया। पुलिस टीम ने मुखबिर तंत्र और तकनीकी सर्विलांस को सक्रिय किया। आरोपी आशीष पाल वारदात कर शहर छोड़कर भागने की फिराक में था, लेकिन पुलिस ने घेराबंदी कर उसे धर दबोचा। जाँच में खुलासा हुआ कि आरोपी आशीष को 15 अक्टूबर 2025 को एक वर्ष की अवधि के लिए इंदौर से जिलाबदर किया गया था। शासन के आदेश का उल्लंघन करने पर उस पर धारा 14 राज्य सुरक्षा अधिनियम के तहत पृथक से मामला दर्ज किया गया है। :: हथियार बरामद, फरार साथियों की तलाश जारी :: पुलिस ने आरोपी के कब्जे से घटना में प्रयुक्त चाकू बरामद कर लिया है। इस सफल कार्रवाई में थाना प्रभारी आर. डी. कानवा, उपनिरीक्षक दीपक जामोद, प्रधान आरक्षक देवीसिंह मीणा और साइबर सेल के आरक्षक विनीत व निकिता सहित पूरी टीम की सराहनीय भूमिका रही। पुलिस अब आरोपी के अन्य फरार साथियों की तलाश में जुटी है और मामले में वैधानिक विवेचना की जा रही है। प्रकाश/12 फरवरी 2026