क्षेत्रीय
03-Mar-2026
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- 7 दिन तक गूंजेगी भक्ति और संस्कृति की स्वर लहरियां, 05 से 11 मार्च तक होगा भव्य आयोजन, देशभर के कलाकार होंगे शामिल फिरोजाबाद(ईएमएस)। जनपद फिरोजाबाद के सिरसागंज स्थित ग्राम करहरा की धरती पर 05 से 11 मार्च तक सात दिवसीय सामौर बाबा महोत्सव का भव्य आयोजन किया जा रहा है। प्रसिद्ध सामौर बाबा धाम परिसर में आयोजित होने वाला यह महोत्सव आस्था, संस्कृति और लोक परंपराओं का विराट संगम बनेगा। आयोजन जिला पर्यटन एवं संस्कृति परिषद, जिला प्रशासन और सामौर बाबा धाम ट्रस्ट के संयुक्त तत्वावधान में किया जा रहा है। प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि महोत्सव के दौरान प्रतिदिन शाम 7 बजे से विविध सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इस आयोजन का उद्देश्य प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को मंच प्रदान करना, स्थानीय प्रतिभाओं को अवसर देना तथा क्षेत्रीय पर्यटन को नई पहचान दिलाना है। देवी जागरण और कवि सम्मेलन रहेंगे मुख्य आकर्षण सात दिवसीय महोत्सव के दौरान 07 मार्च को विशाल देवी जागरण का आयोजन किया जाएगा, जिसमें सुप्रसिद्ध भजन गायक लखबीर सिंह लक्खा अपनी प्रस्तुति से श्रद्धालुओं को भाव-विभोर करेंगे। उनकी भक्तिमय गायकी से पूरे परिसर में आध्यात्मिक वातावरण का संचार होगा। 08 मार्च को भव्य कवि सम्मेलन आयोजित होगा, जिसमें पद्मश्री सम्मानित कवि सुनील जोगी, हेमंत पांडेय, राम भदावर, गौरव चौहान, मुकेश मणिकांचन, पद्मिनी शर्मा और योगिता चौहान जैसे प्रतिष्ठित कवि अपनी ओजपूर्ण, हास्य-व्यंग्य और सामाजिक सरोकारों से जुड़ी रचनाओं से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध करेंगे। साहित्य और शब्द-साधना की यह शाम महोत्सव का विशेष आकर्षण रहेगी। शिव नृत्य नाटिका और डमरू नृत्य से गूंजेगा धाम 09 मार्च को वाराणसी के दिव्या श्रीवास्तव समूह द्वारा शिव नृत्य नाटिका का भव्य मंचन किया जाएगा। इसके साथ ही प्रयागराज का प्रसिद्ध रुद्राक्ष बैंड संगीतमय प्रस्तुति देकर माहौल को भक्तिमय बनाएगा। उत्तराखंड के नाद समूह द्वारा प्रस्तुत किया जाने वाला भव्य शिव डमरू नृत्य दर्शकों को विशेष आध्यात्मिक अनुभूति प्रदान करेगा। 10 मार्च को भजन संध्या में प्रसिद्ध भजन गायक कन्हैया मित्तल अपनी भक्ति रस से ओत-प्रोत प्रस्तुतियों से श्रद्धालुओं को भाव-विभोर करेंगे। पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि सामौर बाबा महोत्सव न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र बनेगा, बल्कि यह क्षेत्रीय पर्यटन को भी नई दिशा देगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार का लक्ष्य है कि ऐसे आयोजनों के माध्यम से स्थानीय कलाकारों, साहित्यकारों और युवा प्रतिभाओं को सशक्त मंच मिले और सांस्कृतिक पर्यटन को बढ़ावा मिले। सामौर बाबा धाम, जो प्राकृतिक सौंदर्य और ऐतिहासिक महत्व से परिपूर्ण है, इस महोत्सव के माध्यम से प्रदेश के प्रमुख सांस्कृतिक केंद्र के रूप में अपनी पहचान मजबूत करेगा। प्रशासन द्वारा सुरक्षा, स्वच्छता, यातायात और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर व्यापक तैयारियां की गई हैं ताकि श्रद्धालुओं और आगंतुकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। सात दिनों तक चलने वाला यह महोत्सव भक्ति, साहित्य, संगीत और लोक संस्कृति का अद्भुत संगम प्रस्तुत करेगा, जिसकी गूंज पूरे प्रदेश में सुनाई देगी। ईएमएस