क्षेत्रीय
11-Mar-2026


पलामू(ईएमएस)।बुधवार को पलामू टाइगर रिजर्व सहित पूरे झारखंड के जंगल और जानवरों को बचाने को लेकर वाइल्डलाइफ ट्रस्ट ऑफ इंडिया और पीटीआर के तत्वावधान में मीडिया की भूमिका पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन बेतला में किया गया। इस दौरान मानव-वन्यजीव संघर्ष खासकर हाथी और मानव के बीच के संघर्ष पर समीक्षा की गयी। मौके पर प्रधान मुख्य वन संरक्षक रवि रंजन ने कहा कि आज मानव-वन्यजीव संघर्ष एक बड़ी चुनौती बन गयी है।आज समय का बदलाव आया है जंगल की कटाई, खनन, फोर लेन सड़क निर्माण, रेलवे लाइन विस्तारीकरण, शहरीकरण के कारण जानवर गांवों से लेकर शहरों की ओर जा रहे हैं। आबादी के कारण जंगली जानवर अपने प्राकृतिक आवास से दूर हो रहे हैं।उनके कॉरिडोर का अतिक्रमण हो रहा है ऐसे में हाथी सहित अन्य जंगली जानवर भटक कर इधर-उधर जा रहे हैं जिसके कारण स्थिति बिगड़ती जा रही है। विभागीय अधिकारियों के द्वारा इस पर रोकथाम के लिए पूरी ताकत से काम किया जा रहा है बावजूद इसके अपेक्षित परिणाम नहीं मिल रहा है। फील्ड डायरेक्टर एस आर नटेश ने कहा कि जंगली जानवर पर्यावरण का अहम हिस्सा हैं।इनके संरक्षण और संवर्धन से ही हमारे पृथ्वी सुरक्षित रहेगी।हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि हमें पृथ्वी की जरूरत है न कि पृथ्वी को हमारी जरूरत है।इसलिए हमें ही पृथ्वी के संरक्षण के दिशा में बढ़कर आगे काम करना होगा। इसलिए हमारा भी यह कर्तव्य बनता है कि आने वाले पीढ़ी के लिए जंगल और जानवर को सुरक्षित रखें।मौके पर प्रशिक्षक विराट सिंह, अंकित ठाकुर, डिप्टी डायरेक्टर कुमार आशीष, छतरपुर के नगर पंचायत अध्यक्ष अरविंद कुमार, रेंजर उमेश कुमार दुबे व अजय टोप्पो समेत कई लोग उपस्थित थे। कर्मवीर सिंह/11मार्च/26