:: तकनीक की सुरक्षा पर बोले डॉ. यादव - सुविधा के साथ सावधानी भी जरूरी; डिजिटल लॉक और EV चार्जिंग की चुनौतियों से निपटेगी सरकार :: इंदौर/भोपाल (ईएमएस)। इंदौर में इलेक्ट्रिक कार चार्जिंग के दौरान हुई हृदयविदारक घटना को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अत्यंत गंभीरता से लिया है। बुधवार को होमगार्ड लाइन में आयोजित कार्यक्रम के पश्चात मीडिया से चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि इस पूरी त्रासदी की व्यवस्थित और तकनीकी जाँच के आदेश दे दिए गए हैं। जाँच की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए राजधानी भोपाल से विशेषज्ञों और उच्चाधिकारियों का एक विशेष दल तत्काल इंदौर के लिए रवाना किया गया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रेखांकित किया कि आधुनिक युग में डिजिटल लॉक और इलेक्ट्रिक वाहन (EV) चार्जिंग जैसी सुविधाएँ हमारी अनिवार्य आवश्यकता बन गई हैं, लेकिन इनके उपयोग से उपजी नई चुनौतियाँ भी सामने आई हैं। उन्होंने चिंता जताते हुए कहा कि तकनीक के दुरुपयोग या तकनीकी खामियों के कारण जब मानवीय जीवन संकट में आता है, तो यह पूरे समाज के लिए चिंता का विषय है। :: पुनरावृत्ति रोकने के लिए बनेगी रणनीति :: डॉ. यादव ने आश्वासन दिया कि राज्य सरकार ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए न केवल सुरक्षा मानकों पर कार्य करेगी, बल्कि व्यापक जनजागरूकता अभियान भी चलाएगी। मुख्यमंत्री ने नागरिकों से भी आत्म-संयम और सतर्कता की अपील करते हुए कहा, इन उपकरणों के उपयोग में विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। सरकार की प्राथमिकता है कि भविष्य में ऐसी किसी भी दुखद घटना की पुनरावृत्ति न हो। मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि तकनीक के इस दौर में प्रत्येक व्यक्ति को अपने स्तर पर भी सुरक्षा के प्रति सजग रहना होगा, ताकि आधुनिक सुविधाओं का लाभ बिना किसी जोखिम के उठाया जा सके। प्रकाश/18 मार्च 2026