- सीआईडी इंटरनल विजलेंस विंग भोपाल में हुई शिकायत - दर्ज हुई भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की एफआईआर भोपाल(ईएमएस)। पुलिस ट्रेनिंग स्कूल ग्वालियर में पदस्थ एक पुलिसकर्मी इंदौर के एक होटल में डेढ़ माह तक रूका रहा। इस दौरान उसने होटल प्रबंधन को पुलिस की वर्दी का रौब दिखाया और होटल का डेढ़ लाख रुपये का बिल नहीं चुकाया। इसकी शिकायत सीआईडी की इंटरनल विजलेंस विंग भोपाल में हुई। जांच के बाद विजलेंस थाना भोपाल में आरोपी पुलिसकर्मी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 11 के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है। मामले में जानकारी के अनुसार विजलेंस थाने को पुलिसकर्मी के खिलाफ शिकायत मिली जिसमें साल 2024 में प्रतिनियुक्ति के दौरान इंदौर जिले में पदस्थ रहते हुए उसने अपने पद का दुरुपयोग कर लगभग डेढ़ माह तक एक होटल में रूकने और किराया भुगतान नहीं करने के आरोप थे। शुरुआती जांच में यह भी सामने आया कि उक्त पुलिसकर्मी ने इस अवधि में अपने वास्तविक पद से उच्च पद की निर्धारित वर्दी धारण की, जिससे होटल प्रबंधन किराया मांगने की कोशिश न करे। उल्लेखनीय है, कि संबंधित पुलिसकर्मी के खिलाफ पूर्व में भी ग्वालियर जिले में एक अन्य अपराध पंजीबद्ध है, जिसकी जॉच साल 2021 से चल रही है। बीते दिनों ही डीजीपी ने सीआईडी विंग को भ्रष्ट पुलिसकर्मियों के खिलाफ होने वाली शिकायतों पर सख्त एक्शन लेने के निर्देश दिए थे। इसी कड़ी में अब इंटरनल विजलेंस विंग एक्शन मोड में आ गई है, और प्रदेश में कई जगह इस तरह के पुलिसकर्मियों को चिन्हित कर रही है, जो अपने पद का दुरूपयोग कर कई तरह के भ्रष्टाचार में लिप्त हैं। जुनेद / 2 अप्रैल