राज्य
23-Apr-2026


पटना, (ईएमएस)। बिहार सरकार के नगर विकास एवं आवास विभाग ने राज्य में नियोजित शहरीकरण को बढ़ावा देने के लिए बड़ा निर्णय लिया है। विभाग द्वारा जारी प्रेस नोट के अनुसार, पटना, सोनपुर, गया, दरभंगा, सहरसा, पूर्णिया और मुंगेर सहित कई शहरों में प्रस्तावित टाउनशिप के लिए मास्टर प्लान लागू किए जाने तक जमीन के क्रय-विक्रय, हस्तांतरण और भवन निर्माण से जुड़े कार्यों पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी गई है। यह कार्रवाई बिहार शहरी आयोजना तथा विकास अधिनियम, 2012 की धारा-9(7) के तहत की गई है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि पटना क्षेत्र के लिए मास्टर प्लान 31 मार्च 2027 तक तथा मुजफ्फरपुर, छपरा, भागलपुर और सीतामढ़ी (सीतापुर) के लिए 30 जून 2027 तक अधिसूचित करने की समयसीमा तय की गई है। सरकार का मानना है कि इन टाउनशिप के विकास से राज्य में सुनियोजित शहरीकरण को बढ़ावा मिलेगा। मास्टर प्लान आधारित विकास के जरिए नए आर्थिक गतिविधि केंद्र विकसित होंगे, जिससे रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। इसके अलावा, आधुनिक और उच्च गुणवत्ता वाली शहरी सुविधाएं नागरिकों को उपलब्ध कराई जाएंगी। सरकार का यह भी कहना है कि सैटेलाइट टाउनशिप के विकसित होने से मौजूदा शहरों पर बढ़ता दबाव कम होगा और शहरी विस्तार को व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाया जा सकेगा। नगर विकास एवं आवास विभाग के प्रधान सचिव विनय कुमार ने बताया कि यह निर्णय दीर्घकालिक शहरी योजना को ध्यान में रखते हुए लिया गया है, जिससे निजी और संस्थागत निवेश को भी बढ़ावा मिलेगा। संतोष झा-२३ अप्रैल/२०२६/ईएमएस