क्षेत्रीय
25-Apr-2026
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नवी मुंबई, (ईएमएस)। हाल ही में नवी मुंबई महानगरपालिका के अतिक्रमण विभाग के उपायुक्त कैलास गायकवाड को 42 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) ने रंगेहाथ गिरफ्तार किया था। इस कार्रवाई के बाद मनपा के अन्य अधिकारियों पर भी संदेह गहराता जा रहा है। करीब 15 वरिष्ठ अधिकारी अब जांच के रडार पर आ गए हैं। खबर है कि एसीबी ने इस मामले में सख्ती दिखाते हुए अतिक्रमण विभाग के उपायुक्त, सहायक आयुक्त, अभियंता और कनिष्ठ अभियंताओं सहित 15 अधिकारियों को वाशी स्थित एसीबी कार्यालय में पूछताछ के लिए उपस्थित होने के निर्देश दिए हैं। इस संबंध में मनपा आयुक्त डॉ. कैलास शिंदे को भी लिखित पत्र सौंपा गया है। जांच के दौरान यह भी सामने आया है कि नवी मुंबई के गांवठाण क्षेत्रों में पिछले कुछ वर्षों में बड़े पैमाने पर अवैध निर्माण हुए हैं। इन निर्माणों को निगम के कुछ भ्रष्ट अधिकारियों का संरक्षण मिलने की आशंका जताई जा रही है। ऐसे में इस पूरे मामले की जांच और व्यापक होने की संभावना है। उधर गिरफ्तार आरोपी कैलास गायकवाड को अदालत ने 27 अप्रैल तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। इस कार्रवाई के बाद मनपा में व्याप्त भ्रष्टाचार का मुद्दा एक बार फिर चर्चा में आ गया है और आगे की जांच में और भी चौंकाने वाले खुलासे होने की उम्मीद जताई जा रही है। - ठेके के बिल पास करने के लिए मांगी गई रिश्वत जानकारी के अनुसार, गायकवाड पर अतिक्रमण विरोधी कार्रवाई से जुड़े ठेके के बिल को मंजूरी देने के लिए 2 प्रतिशत ‘कमीशन’ मांगने का आरोप है। एसीबी ने शिकायत मिलने के बाद जाल बिछाकर मंगलवार को उन्हें रंगे हाथ पकड़ लिया। इस दौरान शिकायतकर्ता ठेकेदार और गायकवाड के बीच हुई बातचीत को रिकॉर्ड किया गया, जिसमें शहर के कई निर्माण कार्यों और ठेकों को लेकर चर्चा सामने आई। इस रिकॉर्डिंग के बाद अतिक्रमण विभाग के कामकाज पर कई सवाल खड़े हो गए हैं। - इन अधिकारियों पर भी जांच की आंच एसीबी ने जिन अधिकारियों को जांच के लिए बुलाया है, उनमें रोहित ठाकरे, सचिन भगत, प्रशांत नेरकर, सुखदेव एडवे, वसंत मुंडावरे, प्रबोधन मवाडे, चंद्रकांत धोत्रे, संजय सोनटक्के, आत्माराम काले, महेश होलगीर, सागर मोरे, भरत धांडे, अनुराधा बाबर और साधना पाटील शामिल हैं। इस पूरे मामले के सामने आने के बाद अतिक्रमण विभाग सहित अन्य विभागों में हड़कंप मच गया है और भ्रष्टाचार में लिप्त अधिकारियों पर कार्रवाई की तलवार लटकती नजर आ रही है। - २५ अप्रैल/२०२६/ईएमएस