राष्ट्रीय
26-Apr-2026


फिर कांग्रेस पार्टी के रुख से अलग दिखा शशि थरूर का रुख नई दिल्ली (ईएमएस)। कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने फिर कांग्रेस पार्टी के रुख से अलग भारत की विदेश नीति, विशेष रूप से पाकिस्तान और अमेरिका के साथ संबंधों पर बेबाकी से बयान दिया है। कांग्रेस नेता थरूर ने कहा कि पाकिस्तान ने अगर ईरान और अमेरिका के बीच मध्यस्थता कर भी दी, तब इससे भारत का कद छोटा नहीं होगा। बता दें कि कांग्रेस पार्टी अक्सर पाकिस्तान की मध्यस्थता के बहाने केंद्र की मोदी सरकार को घेरने की कोशिश करती रहती है। कांग्रेस नेता थरूर ने पाकिस्तान को लेकर भारत के रुख पर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि यह तब तक नहीं बदलने वाला हैं, जब तक सीमा पार से होने वाली आतंकी गतिविधियों पर ठोस कार्रवाई नहीं होती। शशि थरूर ने एक साक्षात्कार के दौरान पाकिस्तान की विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि पश्चिमी देशों ने पाकिस्तान को ओसामा बिन लादेन जैसे मामले में माफ किया, जबकि वह वर्षों तक उनकी नाक के नीचे छिपा रहा। थरूर ने इस बात को पाकिस्तान का दोहरा चरित्र करार दिया। उन्होंने कहा कि भारत तब तक पाकिस्तान के साथ किसी भी प्रकार की वार्ता या कूटनीतिक नरमी नहीं दिखाएगा, जब तक वह अपनी धरती पर पनप रहे आतंकी समूहों को खत्म करने के लिए ठोस कदम नहीं उठाता। उन्होंने 26/11 मुंबई हमलों का जिक्र कर कहा कि पर्याप्त सबूत होने के बावजूद पाकिस्तान ने आज तक किसी भी दोषी को सजा नहीं दी है। जब थरुर से पूछा गया कि भारत ने अमेरिका और ईरान के बीच मध्यस्थ की भूमिका क्यों नहीं निभाई, इस पर कांग्रेस नेता थरूर ने कहा, भारत के संबंध सभी प्रमुख देशों के साथ अच्छे हैं। पाकिस्तान का ऐसा हाल नहीं है। वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा भारत के संदर्भ में की गई विवादास्पद नरक वाली टिप्पणी पर थरूर ने मोदी सरकार को संयम बरतने की सलाह दी। उन्होंने कहा, सोशल मीडिया पोस्ट जैसी छोटी बातों पर भारत को आक्रामक होने की जरूरत नहीं है। यह हमारी कूटनीति के स्तर के अनुकूल नहीं है। अगर मैं सरकार में होता, तब इस बयान को पूरी तरह नजरअंदाज कर देता। आशीष दुबे / 26 अप्रैल 2026