मुंबई, (ईएमएस)। पश्चिम एशिया संकट और एलपीजी की संभावित कमी की आशंकाओं के बीच साइबर ठगों ने नया तरीका अपनाकर मुंबई में लोगों को निशाना बनाया है। महानगर गैस लिमिटेड (एमजीएल) के पाइप गैस उपभोक्ताओं और नए कनेक्शन के आवेदकों को फर्जी मैसेज और कॉल के जरिए ठगकर पिछले 30 दिनों में 100 से अधिक लोगों से करीब 2.7 करोड़ रुपये ठग लिए गए हैं। पुलिस में दर्ज एफआईआर के मुताबिक, ठगों ने लोगों को डराने के लिए “आज रात कनेक्शन बंद हो जाएगा” जैसे मैसेज भेजे। इसके बाद उन्हें एक लिंक के जरिए मोबाइल में एपीके फाइल डाउनलोड करने को कहा गया। यह फाइल असल में एक मालवेयर था, जिससे ठगों को फोन का रिमोट एक्सेस मिल जाता था और वे बैंकिंग जानकारी चुरा लेते थे। साइबर पुलिस के डीआईजी संजय शिंत्रे कहते हैं कि ठग पहले एसएमएस या व्हाट्सऐप पर बिल अपडेट न होने या भुगतान बाकी होने का झूठा मैसेज भेजते थे। फिर खुद को एमजीएल या इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन का अधिकारी बताकर कॉल करते थे। वे लोगों को “वेरिफिकेशन” या “अपडेट” के नाम पर एपीके फाइल डाउनलोड कराते थे। इसे इंस्टॉल करते ही ठग फोन को कंट्रोल कर लेते थे और ओटीपी सहित बैंक डिटेल्स हासिल कर लेते थे। इसके बाद कुछ ही मिनटों में कई ट्रांजेक्शन कर लाखों रुपये उड़ा लेते थे। पीड़ितों में घरेलू सहायकों से लेकर शिक्षक, ड्राइवर, वकील, पत्रकार, व्यवसायी, सरकारी कर्मचारी और बुजुर्ग शामिल हैं। उधर महानगर गैस लिमिटेड (एमजीएल) ने स्पष्ट किया है कि वह कभी भी संदिग्ध मैसेज के जरिए कनेक्शन बंद करने की धमकी नहीं देता। एपीके फाइल डाउनलोड करने के लिए नहीं कहता और बिल अपडेट के लिए अनजान नंबरों पर कॉल करने को नहीं कहता। * अलग-अलग मामलों में लाखों की ठगी - वर्ली के 71 वर्षीय डॉक्टर से 1.9 लाख रुपये ठगे गए - बांद्रा की 33 वर्षीय महिला से 2.6 लाख रुपये की ठगी - अंधेरी के सैलून मालिक से 3.8 लाख रुपये - एक अन्य डॉक्टर से 9.5 लाख रुपये - प्रभादेवी के कारोबारी से 9.8 लाख रुपये 4 दिनों में उड़ाए गए * बढ़ती मांग का फायदा दरअसल पाइप गैस (पीएनजी) कनेक्शन की मांग में हाल के महीनों में भारी बढ़ोतरी हुई है। फरवरी में जहां 16,000 नए कनेक्शन जुड़े, वहीं मार्च में यह संख्या बढ़कर 33,000 से अधिक हो गई। इसी बढ़ती मांग का फायदा उठाकर ठग लोगों को निशाना बना रहे हैं। संजय/संतोष झा- २६ अप्रैल/२०२६/ईएमएस