शपथ ग्रहण की तैयारियां अंतिम चरण में बंगाल में 9 मई, असम में 12 मई संभावित तमिलनाडु, केरल और पांडुचेरी में भी जल्द नई सरकार नई दिल्ली,(ईएमएस)। देश के पांच चुनावी राज्यों में विधानसभा चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद नई सरकारों के गठन की प्रक्रिया तेज हो गई है। 4 मई को आए नतीजों के बाद बीजेपी ने पश्चिम बंगाल और असम में मजबूत प्रदर्शन करते हुए सत्ता में वापसी की राह बनाई है, जबकि अन्य राज्यों में भी सरकार गठन को लेकर राजनीतिक हलचल तेज है। पश्चिम बंगाल में 9 मई को कोलकाता के ब्रिगेड परेड ग्राउंड में शपथ ग्रहण समारोह प्रस्तावित है। पार्टी सूत्रों के अनुसार, सुवेंदु अधिकारी मुख्यमंत्री पद के प्रमुख दावेदार माने जा रहे हैं। 8 मई को विधायक दल की बैठक में नेता का औपचारिक चयन किया जाएगा। चुनाव के बाद राज्य में हुई हिंसा ने प्रशासन के सामने कानून-व्यवस्था की चुनौती भी खड़ी कर दी है। असम में भी सरकार गठन की प्रक्रिया तेज हो गई है। सूत्रों के मुताबिक हिमंता बिस्वा सरमा 12 मई को दूसरी बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ले सकते हैं। हालांकि आधिकारिक घोषणा अभी बाकी है, लेकिन पार्टी नेतृत्व स्तर पर सहमति बनने की बात कही जा रही है। राज्य में भाजपा ने एनडीए गठबंधन के साथ स्पष्ट बहुमत हासिल किया है। तमिलनाडु में विजय के नेतृत्व वाली टीवीके सबसे बड़े दल के रूप में उभरी है। चेन्नई के जवाहरलाल नेहरू इंडोर स्टेडियम में 7 मई को शपथ ग्रहण समारोह संभावित माना जा रहा है। हालांकि पार्टी को बहुमत के लिए सहयोगी दलों के समर्थन की जरूरत है और इस दिशा में प्रयास जारी हैं। वहीं केरल और पांडुचेरी में भी नई सरकार के गठन को लेकर मंथन जारी है। यहां शपथ ग्रहण की तारीख अभी आधिकारिक रूप से घोषित नहीं हुई है, लेकिन मई के दूसरे सप्ताह में समारोह आयोजित होने की संभावना जताई जा रही है। कुल मिलाकर, पांचों राज्यों में राजनीतिक गतिविधियां तेज हैं और आने वाले कुछ दिनों में शपथ ग्रहण समारोहों के साथ नई सरकारें औपचारिक रूप से कार्यभार संभाल लेंगी। नड्डा असम के पर्यवेक्षक तो सैनी सह-पर्यवेक्षक इस बीच भाजपा ने संगठनात्मक स्तर पर भी सक्रियता बढ़ा दी है। जेपी नड्डा को असम का पर्यवेक्षक और नायब सिंह सैनी को सह-पर्यवेक्षक नियुक्त किया गया है, ताकि सरकार गठन और संगठनात्मक समन्वय सुचारु रूप से हो सके। हिदायत/ईएमएस 06मई26