मुंबई, (ईएमएस)। मुंबई में साइबर ठगी का एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। अज्ञात साइबर अपराधियों ने भारतीय सेना का लोगो, फर्जी जीएसटी प्रमाणपत्र और नकली दस्तावेजों का इस्तेमाल कर एक निजी कंपनी से 20 लाख 88 हजार 585 रुपये की ठगी कर ली। इस मामले में सेंट्रल साइबर पुलिस स्टेशन ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, शिकायतकर्ता समीर वायंगणकर (46) लोअर परेल स्थित एक निजी कंपनी में अकाउंट एग्जिक्युटिव के पद पर कार्यरत हैं। फरवरी महीने में कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर को व्हाट्सएप कॉल आया था। कॉल करने वाले व्यक्ति ने खुद को कलिना मिलिट्री कैंप का अधिकारी “कुणाल चौधरी” बताया और सेना के लिए पानी शुद्ध करने में इस्तेमाल होने वाले केमिकल खरीदने की इच्छा जताई। एफआईआर के मुताबिक, आरोपियों ने भारतीय सेना के लोगो वाले नकली खरीद आदेश (Purchase Order), फर्जी जीएसटी सर्टिफिकेट और रक्षा मंत्रालय के नाम से ईमेल भेजकर कंपनी का भरोसा जीत लिया। शुरुआत में आरोपियों ने केवल 5 रुपये ट्रांसफर करने को कहा। इसी छोटे ट्रांजैक्शन के जरिए उन्होंने कंपनी का विश्वास हासिल कर लिया। इसके बाद अलग-अलग बहाने बनाकर कंपनी के विभिन्न बैंक खातों से रकम अपने खातों में ट्रांसफर करवा ली। इस तरह साइबर अपराधियों ने कंपनी से कुल 20.88 लाख रुपये से अधिक की ठगी को अंजाम दिया। पीड़ित कंपनी के अनुसार, पैसे ट्रांसफर करने के बाद भी सामान की सप्लाई शुरू नहीं हुई, जिससे कंपनी को शक हुआ। जब कंपनी ने गूगल पर इस तरह के मामलों की जानकारी खोजी, तब पता चला कि सेना के नाम पर फर्जी ऑर्डर देकर ठगी करने के कई मामले पहले भी सामने आ चुके हैं। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और आरोपियों की तलाश जारी है। संजय/संतोष झा- १३ मई/२०२६/ईएमएस