:: वन मुख्यालय ने जारी किए स्थायी वारंट; सूचना देने वाले का नाम पूरी तरह गोपनीय रहेगा :: भोपाल/इंदौर (ईएमएस)। मध्यप्रदेश में वन्यजीवों के अवैध शिकार और तस्करी के खिलाफ वन विभाग ने अब तक का सबसे बड़ा कदम उठाया है। विभाग ने इंटरपोल द्वारा रेड नोटिस जारी किए गए तीन कुख्यात अंतर्राष्ट्रीय तस्करों को पकड़ने के लिए कुल 2 लाख रुपये का इनाम घोषित किया है। ये तस्कर पिछले करीब एक दशक से कानून की गिरफ्त से दूर हैं। वन्यजीव मुख्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, स्टेट टाइगर स्ट्राइक फोर्स (एसटीएसएफ) की भोपाल इकाई ने वर्ष 2015 में बाघ के शिकार और अंगों की तस्करी का मामला दर्ज किया था। इसमें मुख्य आरोपी जे.ई. तमांग (दिल्ली निवासी) और काठमांडू (नेपाल) का ढरके लामा फरार चल रहे हैं। वहीं, एसटीएसएफ शिवपुरी द्वारा दर्ज कछुओं और घड़ियालों की तस्करी के मामले में आरोपी रहमान तालुकदार (ढाका, बांग्लादेश) भी वांटेड है। इन तीनों आरोपियों के खिलाफ संबंधित अदालतों से स्थायी गिरफ्तारी वारंट पहले ही जारी किए जा चुके हैं। वन्यजीव मुख्यालय ने अपराधियों की अंतरराष्ट्रीय गतिविधियों को देखते हुए इनाम की राशि तय की है। इसमें जे.ई. तमांग की गिरफ्तारी पर 1 लाख रुपये तथा ढरके लामा व रहमान तालुकदार पर 50-50 हजार रुपये का इनाम रखा गया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी। आमजन वांछित आरोपियों के संबंध में जानकारी वन विभाग के मोबाइल नंबर 9424792115, 9424797059 एवं 9424797031 पर दे सकते हैं। विभाग की यह कार्रवाई वन्यजीवों की सुरक्षा को लेकर उनकी दृढ़ इच्छाशक्ति को दर्शाती है। प्रकाश/08 जून 2026