रायपुर(ईएमएस)। छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष चुनाव और राज्य में मनरेगा योजना की स्थिति को लेकर बीजेपी सरकार पर जमकर हमला बोला है। उन्होंने कहा कि बीजेपी में लोकतंत्र का नामोनिशान नहीं है, जहां अध्यक्ष का चुनाव नहीं होता, बल्कि सीधे मनोनयन किया जाता है और सब कुछ रिमोट कंट्रोल से तय होता है। इसके विपरीत कांग्रेस में असली लोकतंत्र देखने को मिला, जहां खुला चुनाव हुआ और मल्लिकार्जुन खड़गे ने जीत हासिल की। मनरेगा बचाओ अभियान पर बैज ने बताया कि प्रदेश भर में कांग्रेस कार्यकर्ता गांव-गांव जाकर लोगों को जागरूक कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी सरकार मनरेगा का नाम और स्वरूप बदलकर ग्रामीण मजदूरों के हितों को खत्म करने की कोशिश कर रही है। पूर्व मंत्री अजय चंद्राकर के बयानों पर पलटवार करते हुए बैज ने कहा कि वे न मंत्री हैं और न मुख्यमंत्री। अगर सरकार में हिम्मत है तो मुख्यमंत्री खुद समय और जगह तय करके बहस करें। साथ ही अजय चंद्राकर द्वारा सोनिया गांधी पर की गई टिप्पणी पर कड़ी आपत्ति जताते हुए बैज ने मांग की कि उन्हें सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए। शिक्षकों और अभ्यर्थियों की समस्याओं पर भी बैज ने सरकार को घेरा। उन्होंने बताया कि D.Ed अभ्यर्थी भूख हड़ताल पर हैं, प्रदेश में 1300 से अधिक पद खाली पड़े हैं, रसोईया संघ भी हड़ताल कर रहा है, लेकिन न्यायालय के निर्देशों के बावजूद सरकार भर्ती नहीं कर रही। धान में चूहों से हुए नुकसान का जिक्र करते हुए बैज ने तंज कसा कि बेमेतरा में 50 हजार क्विंटल धान पड़ा हुआ है और पूरे प्रदेश में यही हाल है। उन्होंने व्यंग्य करते हुए कहा कि प्रदेश को चूहे नहीं, बल्कि सरकार के 14 चूहे खा रहे हैं। अंत में बैज ने स्पष्ट किया कि योग्य अभ्यर्थियों को उनका हक मिलना चाहिए और कांग्रेस जनता, किसानों व मजदूरों के अधिकारों की लड़ाई जारी रखेगी। सरकार जानबूझकर इनके हितों की अनदेखी कर रही है। सत्यप्रकाश(ईएमएस)19 जनवरी 2026