छिंदवाड़ा जबलुपर (ईएमएस)। शॉर्ट सर्किट की वजह से बुधवारी बाजार स्थित भारत रूई भंडार आगजनी की घटना में जलकर पूरी तरह तबाह हो गया। गुरूवार की रात लगभग १२ बजकर ४० बजे दुकान में शॉर्ट सर्किट हुआ। जिसकी वजह से दुकान में आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। दुकान में भारी मात्रा में रूई भरी होने के कारण आग ने चंद मिनटों में पूरी इमारत को अपनी चपेट में ले लिया और लपटें आसमान तक उठने लगीं। आग उठती लपटे देख स्थानीय लोगों ने फायर विभाग की टीम को सूचना दी। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची फायर टीम ने आग को काबू पाने का काम शुरू किया। फायर विभाग की टीम को आग पर काबू पाने में लगभग पूरी रात लग गई। कई घंटों की कड़ी मश्क्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। स्थानीय लोगों के अनुसार आग पर काबू पाने के लिए फायर विभाग एक लगभग ४० गाड़ियों से अधिक पानी लगा है। जिसमें छिंदवाड़ा, चांद, चौरई, अमरवाड़ा,परासिया सहित नगर निगम के टैंकर शामिल है। रात १२.४० बजे लगी आग को सुबह ६ बजे के आसपास काबू पाया गया। हालांकि इसके बाद भी दुकान की अंदर से धुआं निकलने की वजह से दोपहर तक फायर विभाग दुकान पर पानी डालते नजर आई। दुकान संचलाक सुधाकर सांवले द्वारा अब तक मामले की कोई शिकायत कोतवाली पुलिस से नहीं की गई है। वहीं सुधाकर सांवले द्वारा १ करोड रूपए से अधिक का नुकसान बताया जा रहा है। चंद मिनटों में जल उठी दुकान प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग इतनी भयानक तेजी से फैली की चंद मिनटोंं पर ही आग ने भारत रूई भंडार के तीनों फ्लोर को अपनी चपेट में ले लिया। उन्होंने बताया है कि आगजनी की घटना लगभग १२.४० बजे हुई। १२. ५० बजे फायर विभाग को टीम को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही फायर विभाग की टीम १.०५ बजे मौके पर पहुंची। जिसके बाद टीम ने आग बूझाने का काम शुरू किया। लेकिन इस बीच में आग दुकान में पूरी तरह से फैल चुकी थी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार २० मिनट में आग बिल्डिंग की तीनों मंजिल पर पहुंच चुकी थी। साफ नजर आई फायर विभाग की बेबसता हर बार की तरह इस बार भी फायर विभाग में उपकरणों की कमी के वजह से आग पर काबू पाने की बेबसता मौके पर साफ नजर आई। हालात यह थे कि फायर विभाग की टीम वहीं पुराने टूटे फूटे पाईपों से आग बूझाते नजर आई। हालांकि आनन फानन में एक पाईप अवश्य बुलवाया गया लेकिन अन्य के हालात पहले जैसे ही थे। इतना ही नहीं आग इतनी भयानक थी कि केवल पानी से आग पर काबू पाना पर्याप्त नहीं था। आग पर काबू पाने के लिए फाग सहित अन्य सामग्री की भी आवश्यकता थी लेकिन विभाग के पास सामग्री मौजूद नहीं थी। खानापूर्ति के लिए विभाग ने लोगों के सामने दिखावा अवश्य किया लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही थी। दुसरे राउंड में भी लगा १५ मिनट का समय फायर विभाग को सूचना देने पर १५ मिनट बाद वाहन मौके पर पहुंचा। धीरे धीरे करके विभाग की तीन फायर मौकेपर पहुंच गई। तीनों ने एक साथ आग बूझाने का काम शुरू किया। विडंबना यह रही कि कुछ ही मिनटों पर यह तीनों वाहन एक साथ खाली हो गए। इस बीच नगर निगम का एक भी टैंकर यह अन्य फायर मौके पर नहीं पहुंची। तीनों फायर दोबारा पानी लेने पानी टंकी पहुंची। इस बीच १० से १५ मिनट आग बुझाने का काम बंद रहा और आग धीरे धीरे बढ़ती रही। आसपास के घरों में भी लग सकती थी आग भारत रूई भंडार की दुकान की तीनों मंजिलों में रूई, गद्दे, चादर, रजाई, झंडे सहित कपड़े के थान रखे हुए थे। रूई में आग लगते ही तेजी से आग फैली, हालात यह थे कि दुकान के प्रवेश द्वार से लेकर पीछे तक आग की नीचे से लेकर छत तक आग की लपटे भडक रही थी। आसपास के घरों में भी आग लग सकती थी। इस वजह से आनन फानन में आसपास के घरों को भी खाली कराया गया। सिलेंडर फटते तो और बिगड़ सकते थे हालात स्थानीन लोगों ने बताया है कि दुकान के सामने खड़ा एक दोपहिया वाहन भी जलकर पूरी तरह से खाक हो गया है। वहीं दुकान के अंदर दो सिलेंडर रखे हुए थे। अच्छा यह रहा कि इतनी भयानक आग के बाद भी सिलेंडर नहीं फटे, लोगों का कहना है कि आग सिलेंडर फटते तो हालात और बिगड् सकते थे। मुख्य बाजार होने की वजह से क्षेत्र में मकान एक दूसरे से सटे हुए बने है। अगर सिलेंडर फटते तो आसपास के घरों में भी नुकसान होता । लापरवाह नजर आए जिम्मेदार विभाग आगजनी की घटना के बाद जिम्मेदार विभाग के कर्मचारी पूरी तरह से लापरवाही करते नजर आए। दरअसल आग भड़कने पर पुलिस प्रशासन व स्थानीय लोगों द्वारा एमपीबी कार्यालय लाइन बंद करने की सूचना दी थी। लेकिन सूचना देने १५ मिनट बाद तक लाइट बंद नहीं की गई। इस बीच बिजली के कई तार जलकर सड़क पर टूट टूटकर गिरे, स्थानीय लोगों की समझ से इन तारों की चपेट में कोई नहीं आ पाया। वहीं दूसरी ओर हर बार की तरह फायर विभाग के कर्मचारी आग बूझाने में अप्रशिक्षित नजर आए। अगर कर्मचारी पूर्णत: प्रशिक्षित होते तो हालात कुछ और होते, इतना ही नहीं फायर कर्मचारियों के पास पर्याप्त संसाधन की कमी भी साफ नजर आई। ईएमएस / 13/02/2026