आधुनिक युग में दवाएं मानव जीवन का अभिन्न अंग बन चुकी हैं। आपातकालीन स्थितियों और गम्भीर
27 फरवरी पुण्यतिथि पर विशेष) मेरा जीवन अपने लिए नहीं अपनों के लिए है अपने वे हैं जो दुःखी
भारत से लेकर दुनिया के सभी देशों में इस समय एआई की धूम मची हुई है। हर वर्ग का व्यक्ति छोटा
27 फरवरी को महान क्रांतिकारी, अदम्य साहस, अटूट देशभक्ति और आत्मसम्मान के प्रतीक चंद्रशेखर
मनुष्य की पाँच ज्ञानेन्द्रियाँ आँख, कान, नाक, जीभ और त्वचा उसे क्रमशः देखकर, सुनकर, सूँघकर,
(ताज महोत्सव (18 से 27 फरवरी) पर विशेष) यमुना के पावन तट पर स्थित धवल संगमरमर की वह अलौकिक कृति,
भारत आज उस ऐतिहासिक मोड़ पर खड़ा है,जहाँ वह नित्य नवीन विकास की परिभाषा बदल रही है। इसी
देश में इन दिनों बोर्ड परीक्षाएं चल रही हैं और सामान्य परीक्षाएं भी शुरू होने वाली हैं।
आज के दौर में एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) एक ऐसा शब्द बन गया है जो चर्चा में तो बहुत है,
प्रदेश में निगमों, मंडलों आयोगों प्राधिकरणों में राजनीतिक नियुक्तियां का एक अंतहीन