यह ठीक है कि जिस व्यक्ति के साथ अनाचार बरता गया अब उस घटना को बिना हुई नहीं बनाया जा सकता।
शुभ संवत 2082, शाके 1947, सौम्य गोष्ठ, माघ कृष्ण पक्ष, हेमंत ऋतु, गुरु उदय पूर्वे, शुक्रास्त पूर्वे
अवसर सूर्य उदय की तरह होते है यदि आप ज्यादा देर प्रतीक्षा करेंगे तो आप उन्हें गवा देंगे।
दया, धर्म, ईमान का नामेानिशान मिट चुका है। इनसान खुदगर्ज बनता जा रहा है। दुनिया में लोगों
उमर खालिद और शरजील इमाम से जुड़े मामलों में सुप्रीम कोर्ट की हालिया टिप्पणियों और आदेशों
बुद्धिखोरों का अजीब धंधा है। ऐसे लोग धरती पर जीवित क्यों हैं? बुद्धि का कीमा बना दिया
वेनेज़ुएला पर अमेरिकी सैन्य कार्रवाई और राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की गिरफ्तारी ने एक
आजादी के 77 साल में यदि भारत के विकास क्रम की समीक्षा की जाए तो प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी
2025 में हमने विभिन्न समाचार पत्रों में देश में हुई अलग-अलग घटनाओं का विवरण पढ़ा। इनमें से
कहां गया है कि जल ही जीवन है। लेकिन जल किसी की जान ले लें तो यह बहुत दुखद ही कहा जाएगा। हाल